बिहारशरीफ: नालंदा जिले के रहुई प्रखंड के उत्क्रमित हाईस्कूल (Upgraded High School) में बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना स्कूल प्रशासन (School Administration)के लिए चुनौती साबित हो रहा है।
विभागीय उदासीनता की वजह से इस स्कूल में औसतन एक सौ बच्चों के पढ़ाने के लिए एक शिक्षक (Teacher) तैनात हैं।

676 को पढ़ाने के लिए महज नौ शिक्षक हैं
शिक्षकों की कमी का दंश बच्चों को झेलना पड़ रहा है। एचएम पिन्नू कुमार ने बताया कि मध्य विद्यालय (Middle School) में 676 को पढ़ाने के लिए महज नौ शिक्षक हैं। इससे पहले 11 शिक्षक थे।
दो शिक्षकों (Teachers) तबादला हाल ही में कर दिया गया। लेकिन, इस स्कूल में एक शिक्षक नहीं भेजा गया। हद तो यह कि हाई स्कूल में 283 बच्चों को पढ़ाने के लिए चार शिक्षकों में भी एक शिक्षक की प्रतिनियुक्ति रद्द कर उन्हें मूल विद्यालय भेज दिया गया।
उन्होने बताया कि हाईस्कूल (High School) में प्रतिनियुक्त शिक्षक सत्येन्द्र प्रसाद की प्रतिनियुक्ति रद्द कर मूल विद्यालय बिहारशरीफ के अलौदिया सराय भेज दिया गया।
किसी भी स्कूल में बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं होने दी जाएगी
इसी तरह मध्य विद्यालय के शिक्षक कुलदीप प्रसाद को चंडी तो मिश्री चौधरी को नगरनौसा तबादला हो गया है। शिक्षकों (Teachers)की कमी की वजह से शिक्षा व्यवस्था बेपटरी होने के कगार पर आ गई है।

डीईओ केशव प्रसाद ने बताया कि शिक्षकों का तबादला विभागीय नियमानुसार किया गया है। किसी भी स्कूल में बच्चों की पढ़ाई बाधित नहीं होने दी जाएगी। जल्द ही स्कूलों में मानक के अनुसार शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति करा दी जाएगी।




