जमशेदपुर में दुष्कर्म के आरोप में जेल में बंद पांच युवक साक्ष्य के अभाव में12 साल बाद हुए बरी

News Aroma Media
2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

जमशेदपुर: जमशेदपुर के सिदगोड़ा में एक युवती के अपहरण के मामले में शनिवार को एडीजे-4 राजेंद्र कुमार सिन्हा ने आरोपितों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया।

इस मामले में सुनवाई करते हुए अदालत ने मोटा प्रसाद, बबलू बागती, राजू कालिंदी, नागेश कालिंदी, संतोष रिक्की उर्फ भोथरा को आरोपों से बरी किया।

मामला वर्ष 31 जनवरी, 2010 का है। पीड़ित के परिजनों ने आरोप लगाया था कि शिकायतकर्ता के घर में दो लड़कियां बाहर से मेहमान बन कर आईं थी।

फिलहाल सभी आरोपित जेल में बंद हैं

तभी आरोपितों ने घर में घुसकर और डराते-धमकाते हुए उनका अपहरण कर लिया। इस मामले में अदालत को पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिल पाने के चलते सभी को बरी कर दिया गया।

एडीजे-4 राजेंद्र कुमार सिन्हा की अदालत ने दुष्कर्म के एक अन्य मामले में सुनवाई करते हुए पांच लोगों को बरी कर दिया। अदालत ने रंजीत महतो, कालू महतो, बुलेट महतो, धनराज महतो और हरि महतो को बरी कर दिया है। इनके खिलाफ पटमदा थाना में वर्ष 2021 में पीड़ित ने दुष्कर्म का मामला दर्ज कराया था।

पीड़ित ने आरोप लगाया था कि वह अपने प्रेमी के साथ पटमदा के एक तालाब के पास गई थी। वहां सभी आरोपितों ने उसके साथ दुष्कर्म किया था।

मामले में साक्ष्य नहीं पाए जाने के चलते सभी को बरी कर दिया गया। फिलहाल सभी आरोपित जेल में बंद हैं।

Share This Article