Latest Newsझारखंडझारखंड में फसल राहत योजना से किसानों को जोड़ने पर तेजी से...

झारखंड में फसल राहत योजना से किसानों को जोड़ने पर तेजी से हो काम: सुखदेव सिंह

Published on

spot_img
spot_img
spot_img

रांची: झारखंड में मानसून (Monsoon) की बिगड़ती स्थिति से इस बार 180 प्रखंडों में सुखाड़ (Dry) की स्थिति बन सकती है। यह आंकड़ा आने वाले समय में घट या बढ़ सकता है।

इसी को देखते हुए गुरुवार को मुख्य सचिव सुखदेव सिंह की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय बैठक हुई। बैठक में मुख्य सचिव ने सभी जिलों के उपायुक्तों को निर्देश दिया है कि फसल राहत योजना से सभी किसानों के Registration पर तेजी से काम हो।

रजिस्ट्रेशन से पहले किसानों के सभी डॉक्यूमेंट (Document) को वेरीफाइड (Verified) कराया जाए।

किसानों के सभी डॉक्यूमेंट को वेरीफाइड कराया

बैठक में कृषि, पशुपालन और सहकारिता विभाग के सचिव अबु बकर सिद्दीकी, कृषि निदेशक निशा उरांव उपस्थित थे। सभी जिलों के उपायुक्त Video Conferencing के माध्यम से इस बैठक से जुड़े थे। इस दौरान मुख्य सचिव ने उपायुक्तों को कई अन्य योजना पर टास्क दिए।

बैठक में यह बात सामने आई है कि Jharkhand में सुखाड़ की संभावना बढ़ गई है। कृषि विभाग ने मुख्य सचिव को बताया कि राज्य के 18 लाख हेक्टेयर में धान की फसल की तुलना में इस बार अब तक मात्र 30 % ही रोपनी हो सकी है। बैठक के बाद कृषि निदेशक निशा उरांव ने बताया कि संभावित सुखाड़ को लेकर लगातार समीक्षा हो रही है।

वैकल्पिक फसल के बीज जल्द किसानों को उपलब्ध कराने की योजना

मानसून की स्थिति को देख माना जा रहा है कि इस बार 60 % कम अनाज का उत्पाद होगा। ऐसे में वैकल्पिक खेती पर विभाग काम कर रहा है। विभाग ने कम पानी में तैयार होने वाली फसल पर फोकस किया है।

कृषि विभाग (Agriculture Department) ने इसको लेकर अधिकारियों को विशेष तौर पर दिशा निर्देश भी जारी कर दिया है। वैकल्पिक फसल के बीज बहुत जल्द किसानों को उपलब्ध कराने की योजना है, ताकि किसानों को होने वाले नुकसान की भरपाई समय पर हो सके।

उन्होंने कहा कि जिलों या प्रखंडों को सुखाड़ क्षेत्र घोषित होने की एक प्रक्रिया होती है। स्थिति को देखते हुए सुखाड़ घोषित करने के लिए केंद्र सरकार के तय मानदंड पहले पूरा करना होगा। उसके बाद प्रभावित प्रखंडों की सूची आपदा प्रबंधन विभाग को भेजी जाएगी।

सुखाड़ घोषित करने के लिए केंद्रीय टीम (Central Team) चिन्हित प्रखंड और जिला का दौरा करेगी।

बच्चों के जाति प्रमाणपत्र बनाने पर तेजी से काम करें

उसके बाद वे सर्वे रिपोर्ट बनाएंगे। मतलब साफ है कि झारखंड सुखाड़ के रास्ते पर है, पर इसे आधिकारिक घोषणा करने में अभी वक्त लगेगा। बैठक में मुख्य सचिव ने सभी उपायुक्तों को कई अहम निर्देश भी दिए।

इसमें सबसे प्रमुख निर्देश स्कूली स्तर पर सभी अनुसूचित जनजाति – अनुसूचित जाति बच्चों के जाति प्रमाणपत्र (Caste Certificate) बनाने पर तेजी से काम हो।

उल्लेखनीय है कि Jharkhand के स्कूलों में कक्षा एक से 12वीं तक के विद्यार्थियों का जाति प्रमाण पत्र (Caste Certificate) बनाने का निर्देश पहले ही कार्मिक विभाग द्वारा सभी जिलों को दिया गया है।

मुख्य सचिव ने उपायुक्तों को ग्रामीण क्षेत्रों में चल रही जल जीवन मिशन योजना के तहत हर घऱ तक नल से साफ पानी पहुंचाने के लक्ष्य पर काम करने का निर्देश दिया है। मुख्य सचिव ने उपायुक्तों को PM किसान योजना से हर किसानों को जोड़ने का भी निर्देश दिया है।

spot_img

Latest articles

आरसीपी सिंह की जदयू में हो सकती है वापसी!

पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कभी निकटतम सहयोगी रहे पूर्व केंद्रीय मंत्री आरसीपी...

महिलाओं से जुड़े मुद्दे मजबूती से उठाए महिला मोर्चा : सरयू राय

जमशेदपुर : जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने कहा है कि जनता दल...

बिहार चुनाव में लोक हारा और तंत्र जीता : तेजस्वी यादव

पटना : बिहार विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद राजद नेता तेजस्वी...

हम बंगाल में भी एनडीए सरकार बनायेंगे : चिराग पासवान

पटना : लोजपा (रा) प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने दावा किया है...

खबरें और भी हैं...

आरसीपी सिंह की जदयू में हो सकती है वापसी!

पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कभी निकटतम सहयोगी रहे पूर्व केंद्रीय मंत्री आरसीपी...

महिलाओं से जुड़े मुद्दे मजबूती से उठाए महिला मोर्चा : सरयू राय

जमशेदपुर : जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने कहा है कि जनता दल...

बिहार चुनाव में लोक हारा और तंत्र जीता : तेजस्वी यादव

पटना : बिहार विधानसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद राजद नेता तेजस्वी...