समंदर में मिला 2200 साल पुराना जहाज, मलबा मिलते ही सामने आए कई राज़

News Aroma Media
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लंदन: दुनिया भर में रोज़ाना नई-नई खोज होती रहती हैं। अब आर्कियोलॉजिस्ट्स को मेडिटेरियन सी में एक 2,200 साल पुराने जहाज के मलबे का पता लगा है।

सालों पहले यह जहाज अमुन के मंदिर से टकरा कर डूब गया था। खोजकर्ताओं के मुताबिक यह मिस्र के उत्तरी तट के प्राचीन शहर हेराक्लिओन की खोज के दौरान मिला।

हेराक्लिओन मिस्र का एक प्राचीन शहर हुआ करता था, जो करीब 1200 साल पहले पानी में डूब गया था।

इसकी वजह, उस वक्त आया भीषण भूकंप और बाढ़ बताई जाती है। पुरातत्ववेत्ता इसी शहर की खोज कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें उससे भी हज़ार साल पुराने शिप का मलबा मिल गया।

मलबे की स्टडी करने पर पता चला कि शिप 2200 साल पुराना है और अमुन के मंदिर से टकराकर ये डूब गया था।

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फिर 1200 साल बाद हेरोक्लिओन शहर के डूबने की वजह से ये उसके भी नीचे चला गया था।

रिपोर्ट के मुताबिक इस जहाज की पहचान फास्ट गैली के नाम से की गई है। यह 82 फीट लंबा है।

जहाज में एक फ्लैट मॉडल के साथ एक फ्लैट तल है, जो कि नदी नील और डेल्टा में नेविगेशन के लिए बनाया गया एक बहुत ही आसान मॉडल है।

फेसबुक पर पोस्ट किए गए मिस्र के पर्यटन और पुरावशेष मंत्रालय के एक बयान के अनुसार, यह जहाज मिस्र में बनाया गया था।

 जानकारी के मुताबिक मंदिर से मलबे के साथ, गैली समुद्र तल पर मिट्टी के 5 मीटर के नीचे है। इस खोज में चट्टानों के ढेर के साथ एक टुमुलस, जिसका इस्तेमाल प्राचीन काल में दफनाने के लिए किया जाता था, वो भी मिला।

जानकारी के मुताबिक विशेषज्ञों ने शिप पर मिले मिस्र के देवता बेस के मिट्टी के बर्तनों और एक सोने के ताबीज का खुलासा किया, जो अक्सर बच्चे के जन्म, प्रजनन क्षमता, कामुकता, हास्य और युद्ध से जुड़ा होता है, मंत्रालय ने बताया, यह खोज उस शहर में रहने वाले ग्रीक व्यापारियों की उपस्थिति को खूबसूरती से दर्शाता है, यह देखते हुए कि ग्रीक भी फिरोनिक राजवंशों के दौरान वहां रहते थे।

अनुमान लगाया जा रहा है कि उन्होंने अमुन के विशाल मंदिर के पास अपने लिए बसेरा बनाया होगा, जो कि बाद में नष्ट हो गया होगा।

लीड रिसर्चर और यूरोपियन इंस्टीट्यूट फॉर अंडरवाटर आर्कियोलॉजी के अध्यक्ष फ्रेंक गोडियो ने एक बयान में कहा कि इस तरह से जहाज की खोज बहुत दुर्लभ है क्योंकि आर्टनेट के अनुसार इससे पहले बस 235 ईसा पूर्व में बनाया गया मार्सला साल 1971 में सिसिली में खोजा गया था।

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