नई दिल्ली: गंगा और यमुना में बहते शवों को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई है। याचिका में नदियों के किनारे दफ़नाए गए शवों को हटाने की मांग की गई है।
याचिका वकील विनीत जिंदल ने दायर की है। याचिका में कहा गया है कि नदियों में तैरते और आसपास की रेत में दबे शवों से आसपास के लोगों के लिए इन्फेक्शन का खतरा है।
याचिका में मांग की गई है कि केंद्र, राज्य और पंचायत की तीन स्तरीय कमेटी का गठन हो ताकि शवों की ऐसे बेअदबी न हो और उनका गरिमापूर्ण ढंग से अंतिम संस्कार हो सके।
याचिका में कहा गया है कि नदियों के किनारे से शवों को हटाया जाए ताकि नदियों के पर्यावरण संतुलन को कायम रखा जा सके।
नदियों के किनारे वाले गांवों में जहां-जहां शव मिले हैं, वहां कोरोना की जांच के लिए डोर टू डोर टेस्ट का आयोजन किया जाए ताकि कोरोना संक्रमण को रोका जा सके।