मेदिनीनगर: पांकी प्रखंड मुख्यालय में पांकी अनुमंडल संघर्ष समिति ने अपनी 15 सूत्री मांगों को लेकर धरना दिया।
समिति के पदाधिकारियों ने पांकी को अनुमंडल बनाने सहित अन्य मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन प्रखंड विकास पदाधिकारी को सौंपा।
इस माैके पर पांकी विधानसभा क्षेत्र के पूर्व उम्मीदवार व पांकी अनुमंडल संघर्ष समिति के संयोजक लाल सूरज ने कहा कि पांकी को अनुमंडल बनाने के लिए स्थानीय जनता लगभग 30 वर्ष से मांग करती आ रही है।
परंतु पांकी, तरहसी और मनातू की जनता को बिहार के समय से ही नजरअंदाज किया जाता रहा।
लेकिन किसी भी राजनीतिक पार्टी या किसी भी सरकार ने अभी तक पांंकी को अनुमंडल बनाने के लिए सकारात्मक पहल नहीं की।
समिति के संयोजक ने कहा कि यह अत्यंत पिछड़ा इलाका है, यहां पर सबसे अधिक अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग के लोग निवास करते हैं, यहां की जनता राजनीतिक, मानसिक, आर्थिक और शिक्षा के क्षेत्र में काफी पीछे हैं, यह क्षेत्र अति उग्रवाद प्रभावित क्षेत्र में आता है।
उन्होंने कहा कि पांकी को अनुमंडल बनाने सहित 15 सूत्री मांगों को लेकर पूरे विधानसभा क्षेत्र में तब तक संघर्ष करती रहेगी जब तक सरकार उनकी मांगों को मान नही लेती।
संघर्ष समिति के अध्यक्ष जमाल अंसारी ने कहा कि यह लड़ाई जनता की है और जनता के हित के लिए है।
इसका जो भी विरोध करेगा, उसे पांकी विधानसभा क्षेत्र की जनता माफ नहीं करेगी।
संघर्ष समिति के प्रधान महासचिव निरंजन कुमार यादव ने कहा कि पांकी, तरहसी, मनातू की जनता के लिए पांकी अनुमंडल संघर्ष समिति का गठन हुआ है।
यह समिति पांकी विधानसभा क्षेत्र का विकास चाहती है। यदि इसमें किसी ने रोड़ा बनने का प्रयास किया तो इसका जवाब पांकी की जनता देगी।