पटना: बिहार में एंबुलेंस व्यवस्था को लेकर नए-नए मामले सामने आ रहे है। सारण सांसद राजीव प्रताप रूडी के घर से एंबुलेंस मिलने की घटना पर राजनीतिक बवाल अभी थमा नहीं था कि सिवान से एंबुलेंस घोटाले को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है।
7 लाख की कीमत वाली एंबुलेंस को 21 लाख रुपए में खरीदा गया है। मिली जानकारी के मुताबिक 7 एंबुलेंस को पिछले साल ऊंचे दाम पर खरीदा गया था।
सबसे खास बात यह है कि इन एंबुलेंस का इस्तेमाल अब तक नहीं हुआ है।
बताया जा रहा है कि एक एंबुलेंस की कीमत 7 लाख रुपये है। लेकिन उसके अपग्रेडेशन के नाम पर छह लाख 72 हजार का बिल पास कराया गया है।
कहीं नए मेडिकल उपकरण के नाम पर भी छह लाख से ज्यादा के बिल पास कराए गए हैं। सात लाख की कीमत वाली एंबुलेंस 21 लाख रुपए की हो गई है।
मामला सामने आने के बाद सिवान के जिलाधिकारी ने कहा है कि एंबुलेंस में कोविड-19 के लिए कुछ विशेष प्रकार की उपकरण होते हैं, इसकारण है कि उनकी दरें सामान्य से अधिक है। मामले की जांच के लिए उन्होंने एक कमेटी गठित की है।
बता दें कि पिछले ही दिनों सांसद रूडी के दफ्तर में कुछ एंबुलेंस के मिलने का पप्पू यादव की ओर से दावा किया गया था।
इसके बाद बिहार में एंबुलेंस को लेकर राजनीतिक घमासान शुरू हो गई थी। मामला अभी थमा नहीं था तब तक या दूसरा मामला सामने आ गया है।