कैसे हुआ असद और गुलाम का एनकाउंटर, देखिए चश्मदीदों ने क्या-क्या बताए

इन गाड़ियों में एक गाड़ी पुलिस चौकी (Police Station) से आई, जिस पर हूजर बज रहा था। इसके बाद लोग दौड़े। तब पता चला कि मुठभेड़ हुई है

News Desk
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झांसी: UP के झांसी जिले (Jhansi District) में पारीछा डैम (Parichha Dam) के ब्रिज का काम चल रहा था। मजदूर अपने काम में व्यस्त थे। कोई Pipe डाल रहा था तो कुछ लोग बन रहे Bridge को निहार रहे थे।

मगर, किसी को इस बात का इल्म नहीं था कि अभी कुछ ऐसा होने वाला है, जिससे ये इलाका UP ही नहीं देश में सुर्खियों में आ जाएगा और एक हत्यारोपी (Murderer) के खात्मे का गवाह बनेगा।

कैसे हुआ असद और गुलाम का एनकाउंटर, देखिए चश्मदीदों ने क्या-क्या बताए- How did the encounter between Assad and Ghulam happen, see what the eyewitnesses told

मजदूरों को लगा कि कोई शिकारी आ गया

सुबह करीब 11 बजे से ब्रिज के काम में जुटे मजदूरों के हाथों में पाइप थे। इसी बीच ताबड़तोड़ फायरिंग (Rapid Firing) होने लगी। मजदूरों को लगा कि कोई शिकारी आ गया है, जो गोलियां चला रहा है।

इसी बीच Police की गाड़ी ने दस्तक दी। इसके बाद काम कर रहे मजदूर (Labour) चौकन्ने हो गए और काम छोड़कर पुलिस की गाड़ी के पीछे चल पड़े।

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शूटर मोहम्मद गुलाम एनकाउंटर में ढेर कर दिया गया

कुछ ही दूर चलने के बाद उन्हें रोक दिया गया। इस दौरान पता चला कि Encounter हुआ है। इसके बाद घटनास्थल के पास स्थानीय लोगों (Local People) की भीड़ जुटनी शुरू हो गई।

इसके साथ ही पुलिस की अन्य गाड़ियां आने लगीं और पता चला कि माफिया अतीक अहमद का बेटे असद और उसका साथी शूटर मोहम्मद गुलाम एनकाउंटर (Mohammad Ghulam Encounter) में ढेर कर दिया गया है।

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ब्रिज पर काम कर रहे जितेंद्र और प्रकाश की जुबानी

पारीछा डैम (Parichha Dam) के ब्रिज पर काम कर रहे जितेंद्र और प्रकाश का कहना है, “सुबह 11 बजे से हम लोग अपने काम में बिजी थे। तभी फायरिंग (Firing) की आवाज सुनाई दी।

करीब 15 मिनट फायरिंग हुई। हमें लगा कि शिकारी (Hunter) होंगे जो कि शिकार कर रहे होंगे। इस वजह से हम लोगों ने इस बारे में ज्यादा कुछ सोचा भी नहीं।”

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गाड़ियों में एक गाड़ी पुलिस चौकी से आई

“इसी बीच Police की एक गाड़ी आई। इसके बाद जब पुलिस की कई गाड़ियां आईं तब पता चला कि कुछ बड़ा हुआ है।

इन गाड़ियों में एक गाड़ी पुलिस चौकी (Police Station) से आई, जिस पर हूजर बज रहा था। इसके बाद लोग दौड़े। तब पता चला कि मुठभेड़ हुई है।”

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