‘भारत-चीन के संबंध असामान्य’, विदेश मंत्री S जयशंकर बोले- सीमा समझौतों की अवहेलना से द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ा असर

स्थायी संबंध एकतरफा नहीं हो सकते और इसमें परस्पर सम्मान होना चाहिए, विदेश मंत्री ने कहा कि भारत यह सुनिश्चित करना चाहता है कि सभी देशों के साथ उसके संबंध बिना शर्तों के आगे बढ़ें

News Aroma Media
3 Min Read

नई दिल्लीन : विदेश मंत्री S जयशंकर (S Jaishankar) ने चीन को लेकर एक बार फिर कहा कि भारत-चीन के संबंध ‘असामान्य’ (India-China Relations ‘Unusual’) हैं। उन्होंने कहा कि हाल ही में चीन ने भारत के साथ सीमा समझौतों की अवहेलना की, जिससे द्विपक्षीय संबंधों पर असर पड़ रहा है।

स्थायी संबंध एकतरफा नहीं हो सकते और इसमें परस्पर सम्मान होना चाहिए। विदेश मंत्री ने कहा कि भारत यह सुनिश्चित करना चाहता है कि सभी देशों के साथ उसके संबंध बिना शर्तों के आगे बढ़ें।

भारत के विदेश मंत्री S जयशंकर डोमिनिकन गणराज्य देश की अपनी पहली आधिकारिक यात्रा पर सेंटो डोमिंगो (Santo Domingo) पहुंचे हुए हैं।

यहां राजनयिक स्कूल के बच्चों से शुक्रवार को बातचीत करते हुए जयशंकर ने कहा कि भारत ने पूरे क्षेत्र में कनेक्टिविटी, संपर्क और सहयोग में बड़े पैमाने पर विस्तार देखा है। हालांकि सीमा पार आतंकवाद (Terrorism) के मद्देनजर पाकिस्तान इसका अपवाद बना हुआ है।

‘भारत-चीन के संबंध असामान्य', विदेश मंत्री S जयशंकर बोले- सीमा समझौतों की अवहेलना से द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ा असर-'India-China relations unusual', Foreign Minister S Jaishankar said - violation of border agreements affected bilateral relations

- Advertisement -
sikkim-ad

 

चीन के साथ संबंध सामान्य नहीं: जयशंकर

उन्होंने कहा कि भारत के अधिकतर देशों से संबंध अच्छे हैं। चाहे वह अमेरिका, यूरोप, रूस या जापान हो हम यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रहे हैं कि ये सभी संबंध बिना किसी शर्त पर आगे बढ़ें।

हालांकि चीन को लेकर जयशंकर ने कहा कि उससे वर्तमान में हमारे संबंध सामान्य नहीं हैं क्योंकि वह लगातार सीमा पर उल्लंघन करता रहता है।

‘भारत-चीन के संबंध असामान्य', विदेश मंत्री S जयशंकर बोले- सीमा समझौतों की अवहेलना से द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ा असर-'India-China relations unusual', Foreign Minister S Jaishankar said - violation of border agreements affected bilateral relations

LAC पर बड़ी संख्या में चीनी सैनिकों की तैनाती

दरअसल पूर्वी लद्दाख में LAC पर चीन लगातार बड़ी संख्या में सैनिकों की तैनाती कर आक्रामक व्यवहार (Aggressive Behavior) दिखाता रहा है। वहीं भारत लगातार इसकी आलोचना करता रहा है।

यहां चीन और भारतीय सैनिकों (Indian Soldiers) के बीच लंबे समय से गतिरोध बना हुआ है। 5 मई, 2020 को पैंगोंग लेक क्षेत्र में हिंसक झड़प के बाद गतिरोध को खत्म करने के लिए कई राउंड की बातचीत हो चुकी है।

चीन में भारत के राजदूत रहे जयशंकर ने कहा कि किसी भी देश के संबंध एकतरफा नहीं हो सकते और इसे बनाए रखने के लिए परस्पर सम्मान होना चाहिए।

‘भारत-चीन के संबंध असामान्य', विदेश मंत्री S जयशंकर बोले- सीमा समझौतों की अवहेलना से द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ा असर-'India-China relations unusual', Foreign Minister S Jaishankar said - violation of border agreements affected bilateral relations

डोमिनिकन में भारतीय दूतावास का उद्घाटन

विदेश मंत्री S Jaishankar ने डोमिनिकन गणराज्य में भारत के दूतावास का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि यह द्विपक्षीय सहयोग को एक नया आयाम देगा। बता दें कि विदेश मंत्री Santo Domingo की यात्रा पर पहुंचे हैं।

दूतावास के उद्घाटन समारोह के दौरान डोमिनिकन (Dominican) के उपराष्ट्रपति समेत कई नेता मौजूद रहे। इस समारोह के बाद जयशंकर ने कहा कि हमारे राजनीतिक संबंध सौहार्दपूर्ण हैं और हम बहुपक्षीय क्षेत्रों में अपने संबंधों को और अधिक मजबूत करते रहेंगे।

‘भारत-चीन के संबंध असामान्य', विदेश मंत्री S जयशंकर बोले- सीमा समझौतों की अवहेलना से द्विपक्षीय संबंधों पर पड़ा असर-'India-China relations unusual', Foreign Minister S Jaishankar said - violation of border agreements affected bilateral relations

बता दें कि भारत ने आधिकारिक तौर पर 2022 में सेंटो डोमिंगो (Santo Domingo) में अपना दूतावास स्थापित किया था।

TAGGED:
Share This Article