हेमंत सरकार गिराने की साजिश मामले में महाराष्ट्र के दो विधायकों का नाम आया सामने

News Aroma Media
4 Min Read

रांची: झारखंड की हेमंत सरकार को गिराने की साजिश मामले में एक के बाद एक नया मामला प्रकाश में आ रहा है।

पुलिस ने खलासा करते हुए रविवार को बताया कि विधायकों की खरीद-फरोख्त के लिए होटल ली-लैक में कुल चार कमरे बुक कराए गए थे। इनमें कमरा नंबर 307, 310, 407 व 611 शामिल था।

होटल में जो लोग रुके थे। उनमें महाराष्ट्र निवासी मोहित भारतीय, अनिल कुमार, आशुतोष ठक्कर और जय कुमार शंकर राव बेलखड़े के नाम शामिल है। गुरुवार की रात पुलिस के पहुंचने से 15-20 मिनट पहले सभी होटल से निकल गए थे।

इस पूरे मामले में कथित रूप से एक पत्रकार की भूमिका भी सामने आ रही है। पुलिस ने सभी के बैग, कपड़े सहित अन्य सामानों को जब्त कर लिया है।

मामले में गिरफ्तार तीनों आरोपित अमित सिंह, निवारण महतो और अभिषेक दुबे कांग्रेस के तीन विधायकों के संपर्क में थे।

- Advertisement -
sikkim-ad

उनके साथ 15 जुलाई को दिल्ली भी गए थे। दिल्ली में भाजपा के बड़े नेताओं से कांग्रेस के विधायकों ने मुलाकात भी की थी।

हेमंत सरकार गिराने की साजिश मामले में महाराष्ट्र के दो विधायकों का नाम आया सामने

विधायक चंद्रशेखर राव बावनकुले और चरण सिंह से दिल्ली में मुलाकात हुई थी

महाराष्ट्र के दो विधायक चंद्रशेखर राव बावनकुले और चरण सिंह से दिल्ली में मुलाकात हुई थी।

दिल्ली में तीनों विधायकों को एडवांस में एक करोड़ रुपये देने की बात हुई थी लेकिन पैसे नहीं मिलने पर नाराज तीनों विधायक रांची लौट गए थे।

विधायकों को फिर से मनाने के लिए जय कुमार बेलखड़े के नेतृत्व में एक टीम 21 जुलाई को 2:30 बजे की फ्लाइट से रांची पहुंचकर होटल ली-लेक में रुकी थी। इसी होटल में रुक कर फिर से विधायकों को प्रलोभन दिया जा रहा था।

15 जुलाई को दिल्ली जाने से पहले बरही बाजार स्थित एक रेस्टोरेंट में अमित सिंह की विधायक के साथ मीटिंग हुई थी और उसी दौरान अमित सिंह ने महाराष्ट्र के कोई ब्यक्ति से विधायक की बात करवाई थी।

इस साजिश की पूरी जानकारी गिरफ्तार तीनों आरोपियों ने ही पुलिस को दी है। फिलहाल मामले में पुलिस का अनुसंधान जारी है।

सबसे पहले झारखंड पुलिस ने रातू रोड के रहने वाले अभिषक दुबे को गिरफ्तार किया था

सूत्रों ने बताया कि इस मामले में सबसे पहले झारखंड पुलिस ने रातू रोड के रहने वाले अभिषक दुबे को गिरफ्तार किया था।

पुलिस द्वारा किए गए पूछताछ के दौरान अभिषेक दुबे ने बोकारो जिले के रहने वाले अमित सिंह और निवारण महतो के इस मामले में शामिल होने की बात कही थी। जिसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को बोकारो से रांची बुलाया।

सुरक्षा दृष्टिकोण को देखते हुए बोकारो पुलिस दोनों को रांची लेकर आयी पुलिस ने दोनों व्यक्तियों से पूछताछ की, पूछताछ के दौरान मिले साक्ष्य के आधार पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया।

स्पेशल ब्रांच की सूचना पर पुलिस ने सरकार के खिलाफ साजिश के आरोप में तीनों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार लोगों ने अपनी स्वीकारोक्ति बयान में सरकार के विरुद्ध साजिश करने और सरकार गिराने की कोशिश में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है।

पकड़े गये तीनों आरोपियों ने पूछताछ में स्वीकारा है कि यह लोग राजनीति से जुड़े लोगों से संपर्क कर नगद राशि उपलब्ध कराने की कोशिश में थे।

झारखंड पुलिस इस मामले से जुड़े सभी लोगों की पहचान के सत्यापन करने में लगी हुई है। पकड़े गये आरोपियों से बरामद दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस की हर प्रकार से जांच की प्रक्रिया जारी है।

Share This Article