भाजपा के छल-कपट से खतरे में पड़ी राजनीति की शुचिता: अखिलेश यादव

News Aroma Media
2 Min Read

लखनऊ: समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर आरोप लगाते हुए सोमवार को कहा कि इस पार्टी की छल कपट की सियासत के चलते राजनीति की शुचिता खतरे में पड़ गई है।

अखिलेश ने लखनऊ में आरोप लगाया कि ‘राजनीति की शुचिता’’ भाजपाई छल-छद्म की राजनीति के चलते संकट में पड़ गई है।

उन्होंने कहा कि देश आजादी के 75 वर्ष में अमृत महोत्सव मनाने जा रहा है, लेकिन स्वतंत्रता संघर्ष के जो मूल्य थे, वे नेपथ्य में चले गए हैं, लोकतंत्र का मूलाधार खतरे में है।

सपा अध्यक्ष ने कहा कि विधानसभा चुनाव में जनता भाजपा की भय-भ्रम की राजनीति की शिकार हो गई है।

उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी अपने तमाम सहयोगियों और समर्थकों के साथ नई ऊर्जा प्रगतिशील सोच के साथ भविष्य की रणनीति बनाकर संघर्ष करती रहेगी।

- Advertisement -
sikkim-ad

अखिलेश ने कहा कि राष्ट्र-राज्य को दिशा निर्देशन देने वाले संविधान की सुरक्षा में निर्वाचन आयोग की स्वतंत्र भूमिका आवश्यक है, चुनाव में लोकतंत्र और संविधान की परीक्षा होती है।

उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पांच वर्ष तक सत्ता में रहते हुए भी भाजपा ने जनहित में कोई कार्य नहीं किया।

अब फिर प्रदेश में भाजपा सत्तारूढ़ है, लेकिन जो समस्याएं भाजपा ने पैदा की है, उनका निदान दूर-दूर तक होता नहीं दिख रहा है।

सपा के मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने बताया कि पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव से राज्य मुख्यालय पर पार्टी के कई नवनिर्वाचित विधायकों गठबंधन के नेताओं तथा बड़ी संख्या में समर्थकों ने भेंट की।

इस दौरान भेंट करने वालों ने अपने-अपने निर्वाचन क्षेत्रों में चुनावों में हुई धांधली से उन्हें अवगत कराया, मतदाता सूची में बड़ी तादात में सपा समर्थकों के नाम चिह्नित कर काटे गए।

Share This Article