रघुवर दास ने राज्यपाल को लिखा पत्र, बंधु तिर्की और अबू इमरान पर कार्रवाई की मांग

News Aroma Media
3 Min Read

रांची: झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री सह भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रघुवर दास ने बुधवार को राज्यपाल रमेश बैस को पत्र लिखा है। पत्र लिखकर उन्होंने विधायक बंधु तिर्की एवं उपायुक्त अबू इमरान के बीच हुई बातचीत के संबंध में कार्रवाई करने की मांग की है।

पत्र के साथ दास ने झारखंड के सभी प्रमुख समाचार पत्रों के कटिंग को भी भेजा है।

इसके साथ विभिन्न सोशल मीडिया पर एक ऑडियो वीडियो वायरल हुआ है, जिसमें कांग्रेस के विधायक बंधु तिर्की और लातेहार के उपायुक्त अब इमरान की तथाकथित बातचीत है।

पत्र में दास ने कहा है कि कुछ दिन पूर्व लातेहार में करमा पूजा के दौरान आदिवासी समाज की सात छोटी बच्चियां डूब गई थी।

इस घटना के संबंध में यह अत्यंत दुखद है कि वहां का डीसी पीड़ित परिवार को सहयोग करने की बजाय इस वायरल ऑडियो वीडियो में राज्य के एक जनप्रतिनिधि को धर्म के नाम पर अपने कर्तव्य और कार्य से रोकने का प्रयास कर रहा है।

- Advertisement -
sikkim-ad

उन्होंने कहा है कि डीसी उक्त जनप्रतिनिधि को लातेहार जिला में ना आने की सलाह दे रहा है।

Raghuvar wrote a letter to the governor, demanding action against the brothers Tirkey and Abu Imran

यह सरकारी अधिकारी का नाम आईएएस अबू इमरान है। बातचीत के क्रम में अबू इमरान इस बात की दुहाई दे रहे हैं कि कांग्रेस के विधायक मुसलमानों की वोट पर ही जीत कर आए हैं यानी यदि मुसलमान कांग्रेस को वोट नहीं करते तो कांग्रेस चुनाव नहीं जीत पाती।

साथ ही विधायक को समझा रहा है कि क्योंकि वहां का डीसी वहां का बीडीओ एवं गांव वाले सभी मुसलमान है। इसलिए विधायक का वहां पर आना पूर्ण रूप से अनुचित होगा।

रघुवर ने कहा है कि डीसी द्वारा इस प्रकार की सांप्रदायिक बातें एक राज्य के जनप्रतिनिधि से करना सभी सरकारी नियमों और प्रशासनिक नियमों का उल्लंघन है।

दर्शाता है कि किस प्रकार से झारखंड की वर्तमान सरकार तुष्टिकरण की राजनीति और अल्पसंख्यकों में भेदभाव एवं आपसी मनमुटाव बढ़ाने के उद्देश्य से इस प्रकार के गंदे तथा संकीर्ण मानसिकता रखने वाले अधिकारियों का पदस्थापन लातेहार जैसे संवेदनशील जिला में की है।

उन्होंने कहा है कि डीसी लातेहार का आचरण और कार्यशैली अत्यंत निंदनीय तो है ही इसके साथ साथ जिस जनप्रतिनिधि के साथ उनकी बातचीत हो रही है उनकी भी भूमिका अत्यंत निंदनीय, गंदी और तुष्टीकरण की राजनीति से भरपूर नजर आती है।

यदि विधायक के मन में जरा सी भी शर्म होती, तो वह खुद ब खुद इस पूरी घटना की शिकायत वरीय अधिकारियों से करता या राज्य के नेताओं को बताता जो कि उसने नहीं किया।

स्पष्ट है कि विधायक केवल और केवल वोट बैंक की राजनीति जानता है। इसे आदिवासी समाज की बच्चियों के प्रति कोई संवेदना नहीं है। रघुवर ने अनुरोध किया है कि इस पूरे मामले में तत्कालीन लातेहार के वर्तमान डीसी अबू इमरान को स्थानांतरित करते हुए निलंबित किया जाए।

Share This Article