रांची : झारखंड हाई कोर्ट में बिरसा मुंडा सेंट्रल जेल में ED की छापेमारी एवं मनी लांड्रिंग (Raids and Money Laundering) के आरोपितों द्वारा ED के अधिकारियों को परेशान करने की साजिश रचने संबंधी मामले में गुरुवार को ED की ओर से कोर्ट में सीलबंद रिपोर्ट प्रस्तुत किया गया।
चीफ जस्टिस संजय कुमार मिश्रा की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने इस रिपोर्ट का अवलोकन किया। इसके बाद कोर्ट ने ED के अधिवक्ता से पूछा कि क्या वह इस रिपोर्ट को राज्य सरकार के साथ शेयर कर सकती है। इस पर निर्देश लेकर अगली सुनवाई में प्रति शपथ पत्र दाखिल करें।
कोर्ट ने इस मामले में ED से सीलबंद रिपोर्ट मांगी
मामले में महाधिवक्ता राजीव रंजन एवं अधिवक्ता पियूष चित्रेश (Piyush Chitresh) ने सरकार की ओर से पक्ष रखा। कोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 15 दिसंबर निर्धारित की है। पिछली सुनवाई में कोर्ट ने इस मामले में ED से सीलबंद रिपोर्ट मांगी थी।
पिछली सुनवाई में शिव शंकर शर्मा की जनहित याचिका की सुनवाई के दौरान कोर्ट के समक्ष मनी लांड्रिंग के आरोपितों द्वारा ED के अधिकारियों को परेशान करने की बात उठी थी। साथ ही कोर्ट को बताया गया था कि शिकायत मिलने पर ED के अधिकारियों ने बिरसा मुंडा जेल में छापेमारी की थी।