पिता की नौकरी पाने के लिए भाई बने अपने ही भाई के दुश्मन, बोरी में भरकर…

दरअसल दो भाइयों ने मिलकर अपने छोटे भाई पर कई बार हमला किया है। भाइयों के हमले से घायल छोटे भाई का फिलहाल अस्पताल में इलाज चल रहा है

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Brother Becomes Enemy To get father’s Job: देवघर जिले के सारवां थानांतर्गत नया बधियारा गांव (Badhiara village) में पिता की नौकरी पाने के लिए भाई अपने ही भाई के दुश्मन बन गए।

दरअसल दो भाइयों ने मिलकर अपने छोटे भाई पर कई बार हमला किया है। भाइयों के हमले से घायल छोटे भाई का फिलहाल अस्पताल में इलाज चल रहा है। मामले को लेकर पुलिस में शिकायत की गई है, जिसके बाद कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

मां ने किया छोटे बेटे को नौकरी देने का फैसला

इस संबंध में मिली जानकारी के अनुसार निर्मल दास चौकीदारी का काम करते थे, लेकिन पिछले कई महीनों से वह मानसिक रूप से बीमार हैं।

इसलिए विभाग ने उनकी जगह उनके बेटे को नौकरी देने की बात कही। इसलिए निर्मल दास की पत्नी ने फैसला किया कि वह पिता की जगह सबसे छोटे बेटे संदीप दास को नौकरी दिलवाएंगी।

क्योंकि उनके दो बेटों की शादी हो चुकी है, सिर्फ संदीप की शादी होनी बाकी है। लेकिन ये बात दोनों बड़े भाइयों को नहीं मंजूर नहीं थी।

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बोरी में भरकर भाई को फेंक दिया पानी में

घायल संदीप दास ने बताया कि देर रात बड़े भाई पांडू दास ने उसके सिर के पीछे वार कर दिया। इसके बाद संदीप के मुंह और हाथ बांधकर बोरे में भरकर नदी किनारे फेंक दिया।

लेकिन किस्मत से संदीप की जान बच गई। सुबह जब लोग नदी किनारे पहुंचे तो लोगों ने देखा कि बोरे में कुछ हलचल हो रही है। जिस पर लोगों ने बोरा खोला तो संदीप जिंदा था। लोगों ने उसके परिजनों को सूचना दी।

जिसके बाद परिजनों ने संदीप को बेहतर इलाज के लिए देवघर के सदर अस्पताल (Sadar Hospital) ले गए, जहां उसकी हालत में सुधार है।

सारवां थाने में मामला दर्ज कराया गया है। जिस पर सारवां थाने की पुलिस ने अगले दिन कार्रवाई करने की बात कही।

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